केवीके के कार्मिकों की लंबित समस्याओं को लेकर तीन दिवसीय धरना–प्रदर्शन 10 से….
बिलासपुर ।छत्तीसगढ़ कृषि विज्ञान केन्द्र संवर्ग कर्मचारियों की सात सूत्रीय लंबित सेवा-संबंधी माँगों के निराकरण के लिए आईजीकेवीं ने अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया है। इस संबंध में संघ ने कुलपति को ज्ञापन सौंपा गया था,लेकिन विश्वविद्यालय प्रशासन ने समस्याओं को गंभीरता से नहीं लिया। जिसके कारण कर्मचारियों में रोष व्याप्त है।
इसी क्रम में, संघ ने निर्णय लिया गया है कि 10 से 12 दिसंबर तक इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय परिसर में शांतिपूर्ण, व्यापक धरना–प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। इस आंदोलन का मुख्य उद्देश्य केवीके कर्मचारियों को पूर्ण वेतन वितरण, कई वर्षों से लंबित सेवा-संबंधी मामलों का समाधान और विधिक अधिकारों की बहाली एवं संघ द्वारा प्रस्तुत सात सूत्रीय मांगों का निराकरण करने की मांग की जाएगी।इसके अलावा
संघ की प्रमुख माँगों में पूर्ण वेतन वितरण में विलंब का समाधान, जीपीएफ/एनपीएस लाभों की पूर्ण बहाली, चिकित्सा तथा अन्य वैधानिक भत्तों का समान रूप से पुन: लागू करना, सीएएस एवं उच्च वेतनमान योजनाओं की बहाली, विश्वविद्यालय अधिनियम-1987 के अनुरूप केवीके कर्मचारियों को समतुल्य सेवा-लाभ, तकनीकी अधिकारियों के लिए सेवानिवृत्ति आयु 65 वर्ष और तकनीकी अधिकारियों के लिए 62 वर्ष निर्धारित करना, तथा सेवानिवृत्ति उपरांत सभी लाभों पेंशन, ग्रेच्युटी, पारिवारिक पेंशन, चिकित्सा सुविधा का पूर्ण भुगतान शामिल है। इसके अतिरिक्त, पूर्व में उपलब्ध उच्च शिक्षा के अनुमति प्रावधानों को भी पुनः प्रारंभ करने की माँग की गई है।