कोचिंग संस्थान के कर्मचारियों ने शिक्षक से की मारपीट,
बिलासपुर। शहर के एक कोचिंग संस्थान के कर्मचारियों द्वारा एक शिक्षक से मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। पीड़ित शिक्षक अभय अग्रवाल ने मीडिया के सामने खुलकर अपनी बात रखी और बताया कि हाल ही में उन्होंने अपना नया कोचिंग क्लास शुरू किया है। इसी बीच जब वे अपनी पत्नी और ढाई साल के बच्चे के साथ प्रचार-प्रसार के लिए निकले थे, तभी यह घटना हुई। अभय अग्रवाल ने बताया कि वे जब अपने नए संस्थान के प्रचार के लिए निकले, तो इसी दौरान वे ‘आचार्या इंस्टीट्यूट’ के पास पहुंचे। वहां मौजूद संस्थान के कुछ कर्मचारियों ने उन्हें देखकर आपत्ति जताई और उनके साथ अभद्रता शुरू कर दी। विवाद इतना बढ़ा कि कर्मचारियों ने उनके साथ हाथापाई कर दी। पीड़ित शिक्षक का कहना है कि क्या अब शिक्षा के क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा इतनी बढ़ गई है कि एक शिक्षक को अपने ही क्षेत्र में प्रचार करने की अनुमति नहीं है? उन्होंने सवाल उठाया कि अगर कोई शिक्षक नया संस्थान खोलता है, तो क्या दूसरे शिक्षक उसे धमकाने या मारपीट करने का अधिकार रखते हैं?इस घटना के बाद शिक्षा क्षेत्र में बढ़ती प्रतिस्पर्धा और नैतिकता पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। शिक्षकों के बीच सहयोग और आदर्श का जो भाव होना चाहिए था, वह अब व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा में बदलता जा रहा है। यह स्थिति शिक्षा के मूल उद्देश्यों के विपरीत है। अगर शिक्षा के क्षेत्र में ही हिंसा और अहंकार पनपने लगे, तो आने वाली पीढ़ी का भविष्य भगवान भरोसे रह जाएगा।