खेत में दवा छिड़काव करने गए किसान को बना दिया जुआरी, रिश्वत नहीं देने पर बनाया झूठा केस, आरक्षक निलंबित, टीआई के खिलाफ जांच
किसान खेत में दवा छिड़काव कर रहा था उस दौरान पुलिस जुआ पकड़ने आ गई और किसान की भी गाड़ी को जप्त कर ले जाने लगी। किसान के द्वारा पहुंचकर जानकारी देने पर उसे भी हिरासत में ले लिया गया और उससे 20 हजार रुपए की मांग की गई। रुपए नहीं देने पर बड़ी कार्यवाही करने के लिए धमकी दी गई। मामले में शिकायत मिलने पर एसपी ने आरक्षक को निलंबित कर दिया है और टीआई के खिलाफ जांच बैठाई हैं।
बिलासपुर। बिलासपुर जिले के बिल्हा ब्लॉक के ग्राम चिचिरदा के किसान ने बिल्हा थाना प्रभारी और आरक्षक पर झूठा केस बनाकर गाली-गलौज करने व रिश्वत लेने की शिकायत आईजी से की थी। आईजी ने एसएसपी को मामले की जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए थे। मामले में एसएसपी ने आरक्षक को निलंबित जांच के निर्देश दिए हैं।
ग्राम चिचिरदा निवासी किसान रवि प्रकाश कौशिक गाली-गलौज कर झूठा केस बनाने व रिश्वत लेने की शिकायत लेकर मंगलवार को आईजी कार्यालय पहुंचे थे। आईजी डॉ. संजीव शुक्ला ने शिकायत सुनने के बाद किसान को एसएसपी रजनेश सिंह के पास भेजा था। मामले में एसएसपी को जांच के निर्देश दिए थे। एसएसपी ने बुधवार को आरक्षक बलराम विश्वकर्मा को निलंबित कर थाना प्रभारी समेत आरोप में शामिल सभी के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैं।
खेत में दवा छिड़काव करने गया था पीड़ित किसान:–
किसान रवि प्रकाश 19 जुलाई को दोपहर 3 बजे खेत में गया था। अपनी ई-बाइक केसला गांव मौली चौक पर खड़ी कर खेत में दवा छिड़काव कर रहा था। शाम 4 बजे सुखदास बंजारे ने उसे बताया कि पुलिस मौली चौक पर जुआरियों को पकड़ने आई है। उसकी गाड़ी भी जब्त कर रही है। रवि दौड़कर टीआई के पास गया और बताया कि वह गाड़ी खड़ी कर खेत में दवा छिड़काव करने गया था। लेकिन, टीआई उमेश साहू उसे गाली-गलौज करते हुए गाड़ी में बैठा लिया। रास्ते में गंभीर धाराओं में जुर्म दर्ज करने की धमकी भी दी।
20 हजार की मांग, 10 हजार दिए तो जुआ एक्ट लगाया:–
किसान ने बताया कि थाने में टीआई ने 20 हजार रुपए की मांग की। गिड़गिड़ाने के बाद भी किसान को गालियां देता रहा। आरक्षक बलराम ने पहले फोन पर रुपए ट्रांसफर करने को कहा। इसके बाद अचानक मना कर रवि को थाने के पीछे च्वाइस सेंटर ले गए। यहां खाते से 10 हजार रुपए आहरण कराया। थाने आकर बलराम ने 10 हजार रुपए लिए। तब किसान को छोड़ा गया। बाहर निकलते ही उसके खिलाफ जुआ एक्ट की कार्रवाई कर दी गई। बलराम से पूछने पर उसने बताया कि पैसे कम देने पर टीआई के निर्देश पर केस बनाया गया है।