ACB की गिरफ्त में रिश्वतखोर पटवारी और सहायक….एक लाख की रिश्वत लेने वाले राजस्व विभाग के कर्मचारी को नहीं आई शर्म…लगातार कार्यवाही होने के बाद भी नहीं आ रहा सुधार…

एक लाख की रिश्वत लेते दोनों पकड़ाए
।सीमांकन के बदले मांगी थी पांच लाख रुपए की रिश्वत ।
बिलासपुर। मुंगेली। रिश्वतखोरी का मामला कम होने का नाम नहीं ले रहा हैं सबसे ज्यादा रिश्वत राजस्व विभाग में लिया जाता है।लगातार हो रही कार्यवाही के बाद भी पटवारी और आरआई में जरा भी सुधार नहीं है।इसी कारण आज एसीबी के हत्थे पटवारी और उसका असिस्टेंट एक लाख की रिश्वत लेते पकड़ में आ गए।

दरअसल ग्राम रामगढ़ निवासी प्रार्थी
वैभव सोनी के पिता शेखर सोनी के नाम की कृषि जमीन ग्राम रामगढ़ मुंगेली में है। जिसमें से लगभग 12 खसरा की कुल लगभग 26 एकड़ जमीन का सीमांकन करने के एवज में वैभव ने मुंगेली के आरआई नरेश साहू और पटवारी सुशील जायसवाल से काम करने के लिए निवेदन किया था। जिसके एवज में पटवारी और आरआई ने मिलकर पांच लाख रुपए रिश्वत की मांग की थी। प्रार्थी वैभव रिश्वत नहीं देना चाहता था इसलिए उसने इसकी शिकायत करने की ठान ली। वैभव ने बिलासपुर के एसीबी में 19 जनवरी को रिश्वत मांगने की शिकायत की थी। जिसका एसीबी ने सत्यापन भी कराया। जांच में जब शिकायत सही पाई गई । तब सत्यापन के दौरान वैभव ने पटवारी कोचार लाख रुपए लेने के लिए सहमती दी । जिसमें दोनों के बीच सौदा तय हो गया। इस दौरान पटवारी सुशील जायसवाल के पास प्रार्थी रिश्वत की रकम एक लाख रुपए लेकर पहुंचा। तब पटवारी सुशील जायसवाल ने रिश्वत की रकम को अपने सहायक गुलाब दास मानिकपुरी को देने के लिए बोला। तो प्रार्थी उक्त रकम को गुलाब दास मानिकपुरी को पटवारी कार्यालय में जाकर दिया। पैसा लेते ही एसीबी की टीम ने गुलाब दास और आरोपी पटवारी सुशील जायसवाल को रंगे हाथ पकड़ लिया ।एसीबी ने गुलाब दास मानिकपुरी से रिश्वत की रकम एक लाख रुपए को बरामद कर लिया गया है ।आरोपी पटवारी सुशील जायसवाल और सहायक गुलाब दास मानिकपुरी के विरुद्ध धारा 7,12 पीसी एक्ट 1988 के तहत कार्यवाही की जा रही है
एसीबी ने आरआई की भूमिका को भी माना संदिग्ध
राज्य के मुंगेली में एंटी करप्शन ब्यूरो ने पटवारी सुशील जायसवाल और उसके सहायक गुलाब दास मानिकपुरी को एक लाख रुपए रिश्वत की रकम के साथ गिरफ्तार किया है। इस मामले में एसीबी आरआई नरेश साहू की भूमिका को भी संदिग्ध मान रही है।
पाँच लाख की माँगी थी रिश्वत
एसीबी को शिकायत मिली कि, पटवारी सुशील जायसवाल और आरआई नरेश साहू ने ग्राम रामगढ़ निवासी वैभव सोनी से उसकी 26 एकड़ कृषि जमीन का सीमांकन करने के एक्ज़ में पांच लाख रुपये रिश्वत की मांग की थी। वैभव ने इस बात की शिकायत एसीबी से 19 नवंबर को की थी। पटवारी ने चार लाख रुपए में सीमांकन करने की सहमति दे दी और पहली किश्त के रुप में एक लाख रुपये अपने सहायक गुलाब मानिकपुरी के ज़रिए लिए। एसीबी ने पटवारी और उनके सहयोगी को रिश्वत की रकम एक लाख रुपए के साथ गिरफ्तार कर लिया है।
अब तक कई पटवारी और आरआई आ चुके है गिरफ्त में
सूत्र ने बताया कि कई पटवारी और आरआई एसीबी की गिरफ्त में रिश्वतखोरी के आरोप में फंस चुके है।इसके बाद भी राजस्व विभाग में सुधार नहीं आ रहा है। बल्कि आमजनों से किसी न किसी बहाने से रिश्वत लेकर ही काम करते है।