Blog

यूस्टोमा ग्रेंडीफ्लोरम : गुलाब का उत्कृष्ट विकल्प और छत्तीसगढ़ में उभरती फूलों की खेती का अवसर

बिलासपुर – गुलाब नहीं, पर बिल्कुल गुलाब जैसा—यूस्टोमा ग्रेंडीफ्लोरम आजकल तेजी से फूल बाजार में लोकप्रिय होता जा रहा है। चार प्रमुख श्रेणियों (इको, मारियाची, रोसिता और एरेना) में पाए जाने वाले इस पुष्पीय पौधे में सफेद, गुलाबी, बैंगनी, नीला, पीला, लैवेंडर और द्विरंगी सहित सात आकर्षक रंगों के फूल खिलते हैं। बड़े, गोल और मुलायम पंखुड़ियों के कारण इसका रूप गुलाब से मिलता-जुलता है, जिसके चलते यह पुष्प सज्जा और गुलदस्ता निर्माण में प्रथम पसंद बन चुका है।

क्यों है इतना लोकप्रिय?

फूल बाजार यूस्टोमा को गुलाब का शानदार विकल्प मान रहा है। इसकी पंखुड़ियों की कोमलता, रंग विविधता और लंबे समय तक ताज़ा रहने की क्षमता इसे उच्च मूल्य वाले कट-फ्लावर के रूप में पहचान दिलाती है। बाजार में इसकी मांग लगातार बढ़ रही है, जिसके कारण किसानों के बीच इसकी खेती को लेकर रुचि तेजी से बढ़ रही है।

कृषि एवं उत्पादन क्षमता

यूस्टोमा ग्रेंडीफ्लोरम हल्की दोमट मिट्टी में उत्कृष्ट उत्पादन देता है।

बीज अंकुरण – 10–15 दिन

पौधे के पूर्ण विकास का समय – 8–10 सप्ताह

सर्वोत्तम उत्पादन हेतु – पॉलीहाउस में नियंत्रित परिस्थितियाँ अत्यंत लाभदायक

छत्तीसगढ़ में बिलासपुर, कोरिया और सरगुजा जैसे ठंडे एवं उपयुक्त जलवायु वाले जिले इसकी व्यावसायिक खेती के लिए अत्यधिक अनुकूल माने जाते हैं।

आर्थिक महत्व और व्यावसायिक संभावनाएँ

पुष्प सज्जा, गुलदस्ता और बुके के उपयोग के लिए आदर्श यह फूल 10–15 दिन तक ताज़ा रहता है, जिससे इसकी बाजार कीमत अधिक रहती है।
हालाँकि इसकी खेती संवेदनशील है, लेकिन

उन्नत नर्सरी तकनीक,

संतुलित पोषक तत्व प्रबंधन,

उचित सिंचाई,

और रोग-कीट नियंत्रण

अपनाकर किसान उत्कृष्ट उत्पादन प्राप्त कर सकते हैं। नियंत्रित पॉलीहाउस तकनीक का प्रयोग इसे उच्च लाभ देने वाली फसल बनाता है।

छत्तीसगढ़ में फूल खेती का नया अवसर

यूस्टोमा ग्रेंडीफ्लोरम की बढ़ती मांग, उच्च बाजार मूल्य और आकर्षक पुष्प विशेषताएँ इसे छत्तीसगढ़ में फूलों की व्यावसायिक खेती का उभरता हुआ अवसर बनाती हैं। हल्की दोमट मिट्टी, अनुकूल तापमान और पॉलीहाउस तकनीक के साथ किसान बेहतर आय अर्जित कर सकते हैं।

डॉ. संजय कुमार वर्मा,
मुख्य वैज्ञानिक,
क्षेत्रीय कृषि अनुसंधान केंद्र, बीटीसीकार्स, बिलासपुर (छत्तीसगढ़)

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *