भिलौनी शिवनाथ नदी में फिर से मची रेत की लूट सरपंच पति का हौसला बुलंद

रूपचंद की रिपोर्ट बिलासपुर।मस्तुरी जनपद क्षेत्र के ग्राम पंचायत भिलौनी शिवनाथ नदी से बारिश खत्म होते ही रेत माफियाओं का हौसला बुलंद हो गया है जोधरा से लगे ग्राम पंचायत भिलौनी में शिवनाथ नदी को छ्ल्लनी कर दिन-दहाड़े अवैध रेत खनन किया जा रहा है। कभी कभी तो रात में मशीनों से भी रेत का लोडिंग कर ट्रैक्टरों से निकालकर ऊंचे दामों में बेचा जा रहा है जिससे नदी को खोलकर बड़ा बड़ा गड्डा हो गया है जिसमें ग्रामीणों को गड्डे का खतरा बना रहता है सरकारी राजस्व तथा शासकीय संपत्ति को चूना लगाते हुए रेत माफिया ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में रेत भरकर बेखौफ निकल रहे हैं। प्रति टैक्टर ट्राली रेत माफिया द्वारा 250 सौ रुपए से 300 सौ रुपए तक लिया जाता है
ग्रामीणों में भारी आक्रोश
भिलौनी शिवनाथ नदी से अवैध रूप से रेत लिकालकर ऊंचे दामों में बेचने में ग्रामीणों द्वारा इस अवैध रेत खनन को लेकर भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि अवैध खनन से न सिर्फराजस्व का नुकसान हो रहा है, बल्कि ग्रामीणों द्वारा नहाने स्नान के लिए जाते हैं नदी के अन्दर बड़ा बड़ा गड्डा हो जाने से महिलाओं एवं छोटा छोटा बच्चों के समस्या पूरा ग्रामीण गड्ढों के चपेट में आ सकता है। गांव की भौगोलिक स्थिति पहले से ही खराब हो चुकी है। लोग डरे-सहमे हैं, लेकिन माफियाओं का हौसला इतना बुलंद है कि दिन में भी
खुलेआम रेत का खनन हो रहा है।
सरपंच की भूमिका संदिग्ध
सबसे बड़ा सवाल ग्राम पंचायत भिलौनी के सरपंच ,,,,,,,,,, पर उठ रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच को सब पता है, फिर भी कोई वेस कदम नहीं उठाया जा रहा। हमारे प्रतिनिधि ने जब उनसे बात की गई तो सरपंच ,,,,,,,,,,,,,ने इस मामले से पूरी पल्ला झाड़ते हुए कहा, हमें शिवनाथ नदी से रेत खनन का जानकारी नहीं है
ग्रामीणो द्वारा मस्तुरी अनुभागीय एसडीएम एवं पचपेड़ी तहसील राजस्व विभाग शासन-प्रशासन को अवगत करा दिया है। अब आगे की कार्रवाई प्रशासन की होंगी।
ग्रामीणों ने सवाल उठाया कि जब सरपंच को पूरी जानकारी है तो मौके पर रोक क्यों नहीं लगाई जा रही? क्या सरपंच की मौन सहमति तो नहीं मिली हुई है? गांव में अवैध रेत खनन का यह खेल पिछले कई दिनों से चल रहा है। प्रशासन की नाक के नीचे शिवनाथ नदी को खोखला किया जा रहा है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे सड़क पर उतरने को मजबूर हो जाएंगे। अब देखना यह है कि राजस्व विभाग के जिम्मेदार अधिकारी कब तक आंखें मूंदे रहते हैं और माफियाओं पर कब लगाम कसी जाती है।
क्या कहते हैं जिम्मेदार
इस मामले मे कहा पचपेड़ी तहसीलदार निलम पिस्दा ने कहा कि सम्बंधित विभाग को मामले की जानकारी दे दी गई हैं जल्द ही बड़ी कार्यवाही होगी