श्रमिक समस्याओं को लेकर बीएमएस का देशव्यापी विरोध प्रदर्शन 25 को

बिलासपुर।
भारतीय मजदूर संघ के पुरी में आयोजित अखिल भारतीय अधिवेशन में पारित प्रस्ताव के अनुसार विभिन्न श्रमिक समस्याओं को लेकर 25 फरवरी को देश के सभी जिला मुख्यालयों में आमसभा उपरांत विशाल रैली के साथ प्रधानमंत्री और केन्द्रीय श्रम मंत्री के नाम जिला कलेक्टर के माध्यम से ज्ञापन सौंपा जाएगा
और इस दिन को राष्ट्रव्यापी विरोध दिवस के रूप में मनाया जाएगा। हमारी प्रमुख मांगों में सभी क्षेत्रों और श्रमिकों की सभी श्रेणियों में बिना किसी अपवाद के श्रम कानूनों का कठोरता से पालन सुनिश्चित किया जाए।नऐ लेबर कोड में औद्योगिक संबंध संहिता 2020 तथा व्यावसायिक सुरक्षा, स्वास्थ्य और कार्यपरिस्थिति संहिता 2020 में श्रमिकों की चिंताओं का समाधान करते हुए आवश्यक संशोधन किया जाए। .तत्काल भारतीय श्रम सम्मेलन आयोजित कर त्रिपक्षीय समितियों का पुनर्गठन कर उन्हें नियमित,प्रभावी व सार्थक रुप से उनमें लिए गए निर्णयों का क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए।.ई पी एस – 95 के अंतर्गत न्यूनतम पेंशन 1000 रुपए से बढ़ाकर 7500 किया जाए और उसे मंहगाई भत्ता से लिंक किया जाए। ई एस आई और ई पी एफ कव्हरेज की सीमा बढ़ाकर अधिकत श्रमिकों को इसका लाभ दिया जाए।सामान्य भर्ती पर 1995 से लगे प्रतिबंध को तत्काल हटाया जाए तथा रोजगार की गारंटी एवं सेवा शर्तों में सभी के लिए सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित किया जाए।आंगनबाड़ी, आशा कर्मी, मध्यान्ह भोजन रसोइया जैसे स्कीमी वर्करों और स्थाई प्रकृति के कार्यों में लगे ठेका श्रमिकों को सरकारी कर्मचारी घोषित किया जाए।
उपरोक्त मांगों को लेकर भारतीय मजदूर संघ जिला बिलासपुर द्वारा जिला मंत्री के नेतृत्व में सभी कार्यकर्ताओं, विभिन्न अनुशंगी संगठनों जैसे रेलवे, कोयला क्षेत्र,एन टी पी सी, बिजली, स्वायत्तशासी कर्मचारी संघ, राज्य कर्मचारी संघ, आंगनबाड़ी, मध्यान्ह भोजन कार्यकर्ता, ठेका श्रमिक भारी संख्या में नेहरू चौक के धरना स्थल में आमसभा उपरांत विशाल रैली के साथ जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपेंगे।