बिलासपुर में बोर्ड परीक्षा की तैयारी तेज, 131 केंद्र तय

जिला शिक्षा विभाग की बड़ी बैठक,फरवरी से शुरू होंगी परीक्षाएँ
10वीं के 21 हज़ार और 12वीं के 15 हज़ार विद्यार्थी देंगे परीक्षा
दुरदराज के प्राइवेट स्कूलों को नहीं मिलेगा परीक्षा केंद्र
बिलासपुर ।जिला शिक्षा विभाग ने आज एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की। जिले के सभी प्राचार्यों को बिलासपुर के एक स्कूल में बुलाकर आगामी बोर्ड परीक्षाओं से जुड़े अहम निर्देश दिए गए। इस बार जिले में 131 परीक्षा केंद्र बनाए जाएंगे और स्पष्ट आदेश है कि कोई नया परीक्षा केंद्र नहीं बनाया जाएगा।
बैठक में शिक्षा विभाग ने बताया कि इस साल बोर्ड परीक्षाएं पहले की तुलना में जल्दी आयोजित की जाएंगी। परीक्षा फरवरी से शुरू होकर मार्च की शुरुआत तक खत्म कर दी जाएगी। विभाग का कहना है कि कई बच्चों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और परीक्षाएं देनी होती हैं, ऐसे में बोर्ड परीक्षा जल्द कराने से छात्रों को बड़ी राहत मिलेगी।सभी प्राचार्यों को निर्देश दिए गए कि परीक्षा केंद्रों में सभी तरह की व्यवस्थाएँ पूरी हों। किसी भी हालत में छात्रों को जर्जर भवन या असुरक्षित कमरे में न बैठाया जाए। सुरक्षा, साफ-सफाई, पेयजल और निगरानी व्यवस्था को लेकर भी सख्त निर्देश जारी किए गए।इस बार बड़ी घोषणा यह भी की गई कि दूधराज इलाके के किसी भी प्राइवेट स्कूल को परीक्षा केंद्र नहीं बनाया जाएगा। विभाग का कहना है कि व्यवस्था और सुविधा के आधार पर इस बार केवल उपयुक्त सरकारी और मान्यता प्राप्त सुरक्षित भवनों को ही परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा।बैठक में यह भी बताया गया कि इस वर्ष लगभग 21,000 विद्यार्थी कक्षा 10वीं की परीक्षा देंगे। वहीं 12वीं की परीक्षा में लगभग 15,000 छात्र शामिल होंगे। विभाग ने कहा कि बच्चों की संख्या को देखते हुए सभी केंद्रों पर पर्याप्त रूम, स्टाफ और सुरक्षा की व्यवस्था करना अनिवार्य होगा। शिक्षा विभाग ने स्पष्ट कहा है कि परीक्षा को नकलमुक्त और सुरक्षित माहौल में कराने के लिए सभी प्राचार्यों की पूरी जिम्मेदारी तय की गई है। विभाग का लक्ष्य है—विद्यार्थियों को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और तनावमुक्त माहौल में परीक्षा दिलाना।