सरकारी दफ्तरों पर हड़ताल की मार, कर्मचारी फेडरेशन का ऐलान

छत्तीसगढ़ में तीन दिन काम बंद–कलम बंद आंदोलन
मांगों को लेकर सड़कों पर उतरे कर्मचारी, 3 दिन की हड़ताल तय….
बिलासपुर।छत्तीसगढ़ में सरकारी कामकाज एक बार फिर प्रभावित होने वाला है। छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन ने 29 दिसंबर से 31 दिसंबर तक तीन दिवसीय निश्चित कालीन हड़ताल का ऐलान किया है। इस दौरान कर्मचारी काम बंद–कलम बंद आंदोलन करेंगे।इस संबंध में बिलासपुर में छत्तीसगढ़ कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में सर्वसम्मति से 29 दिसंबर से तीन दिनों तक हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया गया। फेडरेशन ने यह फैसला प्रांतीय संगठन के निर्देशों के पालन में लिया है।

बैठक में मौजूद पदाधिकारियों और कर्मचारियों ने आंदोलन को सफल बनाने का संकल्प भी लिया।फेडरेशन ने निर्णय लिया है कि सभी शासकीय स्कूलों में शीतकालीन अवकाश से पहले हड़ताल के समर्थन में कर्मचारियों से आवेदन पत्र भरवाए जाएंगे, ताकि आंदोलन को मजबूत रूप दिया जा सके। संगठन का कहना है कि लंबे समय से कर्मचारियों की लंबित मांगों पर सरकार की ओर से कोई ठोस पहल नहीं की जा रही है, जिससे कर्मचारियों में गहरा रोष है।आज बिलासपुर में संभाग स्तरीय बैठक भी सम्पन्न हुई, जिसमें संभाग के विभिन्न जिलों से आए कर्मचारी प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक में आंदोलन की रणनीति, एकजुटता और हड़ताल के दौरान किए जाने वाले कार्यक्रमों पर विस्तार से चर्चा की गई।फेडरेशन ने स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द ध्यान नहीं दिया गया, तो आने वाले समय में आंदोलन और तेज किया जा सकता है। तीन दिवसीय हड़ताल के चलते शासकीय कार्यालयों, स्कूलों और अन्य विभागों के कामकाज पर व्यापक असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है।