चलती ट्रेन के एसी कोच से व्यापारी की पत्नी के 35 लाख के गहने पार

जीआरपी कर रही मामले कि जांच
एसपी बोली,गोंदिया तक सीसीटीवी फूटेज और संदेहियों से कि जा रही पूछताछ
बिलासपुर । शिवनाथ एक्सप्रेस में गोंदिया से रायपुर तक एसी कोच में यात्रा कर रहे कारोबारी की पत्नी से चोरी की बड़ी घटना को चोरों ने अंजाम दे दिया। डोंगरगढ़ और दुर्ग के बीच महिला को नींद आ गई। जिसके बाद अज्ञात चोरों ने डायमंड के गहनों और नगद से भरा काले रंग का लेडिस पर्स पार कर दिया। जीआरपी मामले में जांच में जुटी हुई है।
जीआरपी से मिली जानकारी के अनुसार गोंदिया के व्यापारी की पत्नी के लाखों के गहने चलती हुई शिवनाथ एक्सप्रेस से पार हो गए। व्यापारी और उनकी पत्नी गोंदिया से रायपुर के मध्य शिवनाथ एक्सप्रेस में यात्रा कर रहे थे। इसी बीच डोंगरगढ़ और दुर्ग के बीच गहनों से भरा लेडिस पर्स गायब हो गया। पर्स में दंपत्ति के अनुसार 35 लाख रुपए के डायमंड की ज्वेलरी और कैश थी। अब जीआरपी इस मामले में जगह जगह के सीसीटीवी कैमरे के फुटेज खंगाल मामले की तफ्तीश में जुट गई है। गोंदिया के दिनेश पटेल मशीनरी कारोबारी हैं। वह और उनकी पत्नी 55 वर्षीय हिना पटेल को दिल्ली एक फंक्शन में शामिल होने जाना था। वहां अपनी बेटी को गिफ्ट करने के लिए वह 35 लाख रुपए के डायमंड की ज्वेलरी अपने साथ लेकर जा रहे थे। ज्वेलरी और कैश उन्होंने एक लेडिस पर्स में रखा था। रायपुर से दिल्ली के लिए उन्हें फ्लाइट पकड़नी थी। रायपुर पहुंचने के लिए उन्होंने गोंदिया से रायपुर तक के लिए शिवनाथ एक्सप्रेस में रिजर्वेशन करवाया था। रायपुर आने के लिए गोंदिया से गुरुवार– शुक्रवार की दरमियानी रात 2 बजे शिवनाथ एक्सप्रेस में दंपत्ति सवार हुआ। उनका रिजर्वेशन एएस वन कोच में बर्थ नंबर 19 और 21 में था।
हिना पटेल गहनों से भरे पर्स को अपने सिरहाने पर रखकर लेटी हुई थी। उन्हें डोंगरगढ़ स्टेशन तक नींद नहीं आई। डोंगरगढ़ स्टेशन में उनकी आंख लग गई। दुर्ग में उनकी नींद खुली तो गहनों से भरा पर्स गायब था। दुर्ग में उन्हें गहनों की चोरी का पता लगा पर चूंकि उन्हें दिल्ली के लिए रायपुर से फ्लाइट पकड़नी थी इसलिए रायपुर स्टेशन में उतरकर जीआरपी थाने में उन्होंने अपनी रिपोर्ट दर्ज कराई है।
35 लाख के गहने और कैश हुए पार,जीआरपी ने गोंदिया तक किया अलर्ट
पीड़ितों के अनुसार उन्होंने काले रंग का पर्स रखा हुआ था। परसों में दो डायमंड सेट, चार अगूंठी और 45 हजार रुपए कैश थे। मामले की जानकारी लगते ही जीआरपी एसपी श्वेता सिन्हा ने रायपुर से लेकर गोंदिया तक जीआरपी अमले को अलर्ट कर दिया। ट्रेन के एएस वन कोच में यात्रा कर रहे यात्रियों की सूची भी जीआरपी पुलिस ने निकाल कर जांच शुरू कर दी है। हर स्टेशन के और जगह-जगह लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। जीआरपी इस मामले में जांच में जुटी हुई हैं और विभिन्न पहलुओं पर जांच करने के अलावा संदिग्धों से पूछताछ कर सुराग जुटाने की कोशिश कर रही हैं।
एसी फर्स्ट से चोरी पर लापरवाही और मिलीभगत की आशंका
जिस कोच में दंपत्ति यात्रा कर रहा था वह एसी फर्स्ट कोच था। इस कोच में यात्रियों को कंपार्टमेंट के समान कमरे मिले होते है। ऐसी सुरक्षित कोच से चोरी होने पर चोरों के साथ रेलकर्मियों के मिलीभगत की भी आशंका है। प्रत्येक एसी कोच में एक अटेंडर भी होते हैं। आशंका है कि कहीं अटेंडर की मिलीभगत से चोरी को अंजाम तो नहीं दिया गया। ट्रेनों में एसी कोच में भी अब कई चोरियां होने लगी है।
रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था पर भी प्रश्न चिह्न
रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था पर इसलिए भी प्रश्न चिह्न लगता है कि कई ट्रेनों में आरपीएफ दिखाई ही नहीं देती। टीटीई भी लेन-देन की लालच में अनारक्षित सवारी को एसी कोच में बैठने मंजूरी दे देते हैं। कोच अटेंडर भी कमाई की लालच में रास्ते के स्टेशनों पर अनारक्षित सवारी को अपने साथ बाथरूम में उनके बैठने की जगह पर बैठा लेते हैं। इन दिनों रेलवे के एसी कोच जनरल के डिब्बे बनकर रह गए हैं। जिसमें कभी भी कोई भी बिना रिजर्वेशन चले आता है।जिसके चलते नियमानुसार पहले से रिजर्वेशन करवा कर यात्रा कर रहे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
जीआरपी एसपी बोली सीसीटीवी से खंगाला जा रहा आरोपियों को
इस मामले में जीआरपी एसपी श्वेता सिन्हा ने बताया कि मामले की सूचना मिलते ही जीआरपी को अलर्ट किया गया है। हर स्टेशन पर जगह-जगह लगे सीसीटीवी के फुटेज निकाले जा रहे हैं। तकनीकी जांच भी की जा रही है। ट्रेन में यात्रा करने वाले यात्रियों की भी सूची के आधार पर जांच की जा रही है। इसके अलावा पीड़ितों के दिल्ली से वापस लौटने के बाद हमारी टीम उनके साथ गोंदिया भी जाकर जांच करेगी। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।