शुरू हो गई नवरात्रि, मंदिरों में सुबह 4:00 बजे से हुआ मां का अभिषेक और कलश स्थापना, 10 दिनों तक होगी आराधना
नवरात्रि के पर्व की शुरुआत हो गई है। प्रदेश के देवी मंदिरों में भक्तों की भीड़ दर्शनों के लिए लगेगी। सुबह माता के श्रृंगार के बाद दर्शन के लिए पट खोल दिए गए हैं। वही इस बार नवरात्रि नौ दिनों की बजाय 10 दिनों की होगी। तृतीया तिथि 24 और 25 सितंबर दोनों दिन रहेगी। 10 दिन नवरात्रि की तिथि बढ़ना शुभ संकेत मानी जाती है।
रायपुर। शक्ति की भक्ति का पर्व शारदीय नवरात्रि 22 सितंबर से शुरू हो चुकी है। प्रदेश के मंदिर और पंडालों में रविवार की रात तैयारियां कर ली गईं हैं। सुबह 4 बजे से माता का अभिषेक किया गया है। मंदिर की शुद्धि के लिए रविवार की शाम 5 बजे से मंदिरों के पट बंद हो गए थे जो आज सोमवार की सुबह 6 बजे से भक्तों के लिए मां के दर्शन हेतु खोले गए हैं। मां के गर्भ गृह की शुद्धि के बाद पट खोले गए।वहीं प्रदेश के देवी मंदिरों में माता के श्रृंगार के लिए भक्तों के बीच होड मची हुई है।
नवरात्रि में इस बार 9 दिन के बजाय 10 दिन तक मंदिरों में धार्मिक अनुष्ठान होंगे। शारदीय नवरात्रि की शुरुआत 22 सितंबर से होगी, जो 2 अक्टूबर तक मनाए जाएंगे। क्योंकि इस बार नवरात्रि में तृतीया तिथि दो दिन 24 और 25 सितंबर को रहेगी। नवरात्रि की तिथि बढ़ना शुभ माना जाता है। आगामी समय में सुख-समृद्धि बनी रहेगी। मंदिरों में पर्व की तैयारी हो गई है। ज्योति कलश सज गए हैं। इस बार मां दुर्गा हाथी पर सवार होकर आएंगी। हाथी पर आगमन समृद्धि और खुशहाली का प्रतीक होता है। 22 सितंबर को सूर्योदय 6:19 बजे होगा। द्विस्वभाव कन्या लग्न सुबह 8:11 बजे तक रहेगा। इसमें घट स्थापना कर नवरात्रि प्रारंभ करने का सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त रहेगा। इसके अलावा अभिजीत मुहूर्त में दोपहर 11:56 से 12:44 बजे तक भी घट स्थापना की जा सकती हैं। चौघड़िया के हिसाब से सुबह 9:19 बजे से 10:49 बजे के बीच शुभ के चौघड़िए में भी घट स्थापना कर सकते हैं।
इसलिए हाथी पर सवार होती हैं मां:–
ज्योतिषियों के अनुसार नवरात्रि में मां दुर्गा का वाहन वार के आधार पर तय होता है। रविवार या सोमवार को आगमन हो तो हाथी पर, शनिवार या मंगलवार को अश्व पर, गुरुवार या शुक्रवारटी को डोली में और बुधवार को नौका से होता है। इससे भविष्य का फल जाना जाता है।
खरीदारी के लिए ये शुभ तिथियां:–
नवरात्रि के दौरान 22 सितंबर को बैठकी नवरात्रि, 25 को विनायकी चतुर्थी, 30 को दुर्गा अष्टमी और 1 अक्टूबर को दुर्गा नवमी रहेगा। इसके बाद 2अक्टूबर को विजया दशमी तिथि होगी। ये सभी दिन भूमि, भवन, वाहन, ज्वेलरी व इलेक्ट्रॉनिक्स खरीदने के लिए शुभ माने जा रहे हैं।