देवरीखुर्द में ज़मीन हड़पने का मामला उजागर जालसाजी कर मृत महिला की संपत्ति बेची गई
तोरवा थाने में 420, 467, 468, 471, 120-बी, 34 भादंवि के तहत केस दर्ज
बिलासपुर ।देवरीखुर्द क्षेत्र में मृत महिला के नाम पर दर्ज ज़मीन को फर्जी दस्तावेजों के जरिए बेचने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। तोरवा थाना पुलिस ने इस जमीन घोटाले में राजकुमार पंजवानी, सुनील घोरे, आकाश मिश्रा, जोहान प्रसाद निषाद, दुलारदास और विशाल महंत समेत अन्य के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और षड्यंत्र रचने के आरोप में अपराध दर्ज किया है।शिकायतकर्ता रविंद्रकांत पांडेय ने बताया कि उनके पिता स्व. रामनगिना पांडेय ने वर्ष 1987 में अपनी पत्नी श्रीपति देवी पांडेय के नाम पर देवरीखुर्द स्थित खसरा नंबर 150/1क, रकबा 2700 वर्गफुट भूमि खरीदी थी।श्रीपति देवी के निधन के बाद उक्त भूमि उनके पुत्रों रविंद्रकांत और शिवाकांत पांडेय के नाम पर दर्ज है।बावजूद इसके कुछ भू-माफियाओं ने मिलकर फर्जी पावर ऑफ अटर्नी बनाकर जमीन को विभाजित कर बेचा।पुलिस के अनुसार आरोपियों ने मृत महिला के नाम से दस्तावेजों का दुरुपयोग करते हुए फर्जी तरीके से विक्रय पत्र तैयार कर जमीन बेच दी। जांच में पाया गया कि उक्त बिक्री मई जून 2024 के दौरान की गई थी, जबकि संबंधित महिला का निधन जनवरी 2022 में ही हो चुका था।इस कृत्य को पुलिस ने संगठित आपराधिक षड्यंत्र और गंभीर धोखाधड़ी माना है। तोरवा थाना में एएसआई भारत लाल राठौर की रिपोर्ट पर अपराध पंजीबद्ध कर जांच शुरू की गई है।पुलिस ने सभी संबंधित दस्तावेज जब्त कर आरोपियों से पूछताछ की तैयारी शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में यह पूरा प्रकरण करोड़ों की जमीन से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसकी साजिश कई लोगों ने मिलकर रची थी।
वर्जन
मृत महिला के नाम पर करोड़ों की जमीन को फर्जी तरीके से बेचने
के मामले की जांच
की जा रही है।
अभय सिंह बैस
थाना प्रभारी तोरवा थाना