रामनिवास साहू को हाईकोर्ट से बड़ा झटका, क्रमोन्नति वेतनमान को लेकर डिवीजन बेंच ने याचिका खारिज की
सोना साहू के उदाहरण पर मांगा था लाभ, हाईकोर्ट ने नहीं माना तर्क
बिलासपुर ।शिक्षिका सोना साहू के क्रमोन्नत वेतनमान मामले में जीत दिलाने वाले उनके पति, शिक्षक रामनिवास साहू, अपने ही क्रमोन्नति विवाद में हाईकोर्ट से बड़ा झटका खा गए हैं। सिंगल बेंच से याचिका खारिज होने के बाद उन्होंने इसे चुनौती देते हुए डिवीजन बेंच की शरण ली थी, लेकिन विस्तृत सुनवाई और खुद द्वारा प्रस्तुत किए गए तर्कों के बावजूद अदालत ने उनकी याचिका को खारिज कर दिया।रामनिवास साहू ने 2016–17 से लंबित क्रमोन्नति और पदोन्नति लाभ, सोना साहू मामले की तर्ज पर दिए जाने की मांग की थी। जबकि सोना साहू को सिंगल बेंच से राहत न मिलने के बाद डिवीजन बेंच से 2015 से क्रमोन्नत वेतनमान देने का आदेश मिला था, जिसे सरकार की रिव्यू और SLP भी नहीं बदल सकीं। रामनिवास साहू ने सरकार की क्रमोन्नति नीति और नियमों के आधार पर तर्क पेश किए थे, परंतु डिवीजन बेंच ने इन्हें स्वीकार न करते हुए सिंगल बेंच के फैसले को सही माना और उनकी याचिका अंतिम रूप से खारिज कर दी।