लमेर रेतघाट की नीलामी दो दिन की देरी के बाद प्रक्रिया हुई सफल
दस्तावेज़ जांच में देरी, लेकिन आज पूरी हुई लमेर घाट की नीलामी….
बिलासपुर। जिले के लमेर रेतघाट की नीलामी प्रक्रिया आखिरकार आज पूरी हो गई। लगातार दो दिनों की देरी के बाद गुरुवार को यह महत्वपूर्ण नीलामी संपन्न हुई। देरी की वजह थी—ज्यादा संख्या में पहुंचे बोलीदाता, जिनके दस्तावेजों की जांच बुधवार को पूरी नहीं हो सकी थी।जल संसाधन परिसर के प्रार्थना सभा भवन में आज लमेर रेतघाट की नीलामी आयोजित की गई। जिला खनिज अधिकारी किशोर कुमार गोलघाटे ने बताया कि इस बार रेत घाट की नीलामी के लिए रिकॉर्ड 296 आवेदन प्राप्त हुए थे। इनमें से 6 आवेदन दस्तावेज़ों की कमी के कारण रिजेक्ट कर दिए गए। बाकी बचे 290 आवेदनों में से नीलामी की प्रक्रिया पूरी करने के बाद घाट एक ही व्यक्ति के नाम पर कर दिया गया।19 नवंबर से 25 नवंबर तक ऑनलाइन बोली जमा करने की समय सीमा थी, और निर्धारित अवधि में बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। 10 हेक्टेयर में फैले इस रेतघाट को लेकर बोलीदारों में खासा उत्साह दिखा।लगातार दो दिनों की बाधा के बाद अंततः नीलामी सफलतापूर्वक पूरी हो जाने से प्रशासन ने राहत की सांस ली है। अब उम्मीद है कि लमेर रेतघाट से रेत की आपूर्ति सुचारू रूप से शुरू हो सकेगी।