शिक्षा विभाग में बड़ा खेल देवरीखुर्द संकुल में भी परिवहन घोटाला उजागर…बिना वाहन नंबर लाखों का भुगतान,बिल्हा में फर्जी बिलों का भंडाफोड़
बिलासपुर । जिले के बिल्हा विकासखंड से शिक्षा विभाग में बड़े भ्रष्टाचार की खबर सामने आई है। देवरीखुर्द संकुल में परिवहन व्यय के नाम पर लाखों रुपये के फर्जी बिल पास किए जाने का मामला उजागर हुआ है। आरोप है कि बिना वाहन नंबर बिना चालक के नाम और बिना किसी वैध दस्तावेज के सिर्फ सादे कागज पर लिखी रसीदों के आधार पर भुगतान कर दिया गया। जानकारी के अनुसार वार्षिक परीक्षा के प्रश्न पत्र, उत्तर पुस्तिकाएं, एफएलएन किट और खेल सामग्री लाने के नाम पर भारी राशि निकाली गई। हैरानी की बात यह है कि अधिकांश बिलों में न वाहन का पंजीयन नंबर दर्ज है और न ही चालक का विवरण। इसके बावजूद संकुल प्रभारियों ने इन बिलों पर पेड एंड कैंसल्ड की मोहर लगाकर भुगतान स्वीकृत कर दिया। यह सीधे तौर पर वित्तीय अनियमितता का मामला माना जा रहा है। इससे पहले बिजौर और सिरगिट्टी संकुल में भी इसी तरह के फर्जी परिवहन बिलों से लाखों के घोटाले सामने आ चुके हैं। बिजौर में तो बाइक के नंबर को ऑटो और पिकअप बताकर भुगतान लेने का मामला भी उजागर हुआ था।देवरीखुर्द के ताजा खुलासे के बाद पूरे बिल्हा ब्लाक के 15 संकुल संदेह के घेरे में आ गए हैं। शिकायतों की जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अब सवाल यह है कि क्या गहराई से जांच होने पर और बड़े घोटाले सामने आएंगे?