ई-केवाईसी, एक्सपायरी पाइप बदलना और सुरक्षा जांच कराना अब अनिवार्य,खाद्य विभाग का नया आदेश,हर कनेक्शन की अब होगी सुरक्षा जांच

बिलासपुर। जिले के लाखों एलपीजी गैस उपभोक्ताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने और दुर्घटनाओं की आशंका को कम करने के उद्देश्य से खाद्य विभाग ने बड़ा कदम उठाया है। कलेक्टर बिलासपुर द्वारा जिले की सभी गैस एजेंसियों को जारी आदेश में स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि सभी पंजीकृत गैस कनेक्शन उपभोक्ताओं की बायोमेट्रिक ई-केवाईसी अनिवार्य रूप से कराई जाए। इसके साथ ही प्रत्येक उपभोक्ता के घर में लगी एलपीजी हाउस पाइप, रेगुलेटर और अन्य सुरक्षा उपकरणों की निर्धारित मानकों के अनुरूप जांच एवं आवश्यक होने पर तत्काल बदलाव भी सुनिश्चित किया जाए। यह आदेश भारत सरकार के पेट्रोलियम पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के निर्देश तथा भारत के राजपत्र में प्रकाशित प्रावधानों के अनुपालन में जारी किया गया है।
हर पांच वर्ष में बदलेगी हाउस पाइप
खाद्य विभाग ने विशेष रूप से गैस एजेंसियों को निर्देश दिया है कि प्रत्येक उपभोक्ता के यहां लगी एलपीजी हाउस पाइप आईएस 9573 मानक की होनी चाहिए। यदि पाइप स्थानीय गुणवत्ता की है, क्षतिग्रस्त है अथवा उसकी वैधता समाप्त हो चुकी है तो उसे तत्काल बदलना अनिवार्य होगा। इसके अलावा एजेंसियों को यह भी सुनिश्चित करना होगा कि उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर के सुरक्षित उपयोग, गैस रिसाव की स्थिति में बरती जाने वाली सावधानियों तथा सुरक्षा उपकरणों के रखरखाव के बारे में विस्तार से जानकारी दी जाए।
ई-केवाईसी होगी जरूरी
आदेश के अनुसार सभी पंजीकृत एलपीजी उपभोक्ताओं, विशेषकर प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना व अन्य योजना के लाभार्थियों की आधार आधारित बायोमेट्रिक ई-केवाईसी कराई जाएगी। इसका उद्देश्य वास्तविक लाभार्थियों का सत्यापन, फर्जी कनेक्शनों पर रोक तथा सब्सिडी व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाना है।
प्रगति रिपोर्ट देनी होगी
कलेक्टर ने गैस एजेंसियों को निर्देशित किया है कि वे अभियान की प्रगति रिपोर्ट समय-समय पर विकास अधिकारियों के माध्यम से खाद्य विभाग को उपलब्ध कराएं। साथ ही उपभोक्ताओं के गैस कनेक्शन संबंधी रिकॉर्ड को भी अपडेट रखना अनिवार्य होगा।
वर्जन
भारत सरकार के निर्देशों एवं राजपत्र में प्रकाशित प्रावधानों के अनुरूप जिले में में सभी एलपीजी उपभोक्ताओं की बायोमेट्रिक ई-केवाईसी तथा सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित कराने का अभियान चलाया जा रहा है। सभी गैस एजेंसियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे उपभोक्ताओं के घरों में स्थापित हाउस पाइप, रेगुलेटर एवं अन्य सुरक्षा उपकरणों की जांच करें। यदि हाउस पाइप निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं है अथवा उसकी वैधता समाप्त हो चुकी है तो उसे बदलवाना सुनिश्चित करें। उपभोक्ताओं को गैस सुरक्षा से जुड़ी आवश्यक सावधानियों के प्रति भी जागरूक किया जा रहा है।
अमृत कुजूर,
खाद्य नियंत्रक