6 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद, 7 आरोपी गिरफ्तार,मस्तूरी क्षेत्र के शातिर बाइक चोर गैंग पर पुलिस का बड़ा प्रहार

बिलासपुर।शहर समेत आसपास के जिलों में लगातार हो रही मोटरसाइकिल चोरी की वारदातों पर
आखिरकार बिलासपुर पुलिस ने बड़ा प्रहार करते हुए मस्तूरी क्षेत्र के शातिर बाइक चोर गिरोह का पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में 4 शातिर चोरों और 3 खरीददारों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से करीब 2 लाख रुपये कीमत की 6 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की गई हैं। इस कार्रवाई से न केवल बिलासपुर बल्कि जांजगीर-चांपा और दुर्ग जिले के भी कुल 6 चोरी के मामलों का खुलासा हो गया है। यह पूरी कार्रवाई उप पवरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर रजनेश सिंह के मार्गदर्शन में की गई। शहर में लगातार हो रही बाइक चोरी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए उन्होंने ए.सी.सी.यू. बिलासपुर और साइबर सेल को विशेष रूप से सक्रिय किया था। इसके बाद पुलिस टीम ने घटना स्थलों और शहर के अलग-अलग हिस्सों में लगे 300 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। कई दिनों तक संदिग्धों की गतिविधियों पर नजर रखी गई और तकनीकी विश्लेषण के बाद पुलिस को चोरों की पुख्ता जानकारी मिली। जांच में सामने आया कि बाइक चोरी की वारदातों में शामिल आरोपी मस्तूरी थाना क्षेत्र के बेदपरसदा गांव के रहने वाले हैं।
पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए पहले साहिल मरावी को हिरासत में लिया। पूछताछ में उसने कई चौंकाने वाले खुलासे किए। उसने कबूल किया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर अलग-अलग थाना क्षेत्रों से मोटरसाइकिलें चोरी करता था और बाद में उन्हें सस्ते दामों पर बेच दिया जाता था। मामले में पुलिस ने साहिल मरावी 19 वर्ष, रितेश सेन 19 वर्ष, निलेश शुक्ला उर्फ राजा 28 वर्ष और हिमांशु जगत 20 वर्ष को चोरी के आरोप में गिरफ्तार किया है।
वहीं चोरी की बाइक खरीदने के आरोप में नंदकुमार
रजक और सोनू केंवट समेत कुल 3 खरीददारों को भी
पकड़ा गया है। पुलिस के मुताबिक, यह गिरोह लंबे
समय से सक्रिय था और चोरी की मोटरसाइकिलों को
गांव और आसपास के इलाकों में खपाने का काम कर
रहा था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से हीरो पैशन प्रो,
बजाज सीटी 100, होंडा सीबी शाइन, हीरो स्प्लेंडर
समेत कुल 6 मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। बरामद
वाहनों की अनुमानित कीमत करीब 2 लाख रुपये बताई
गई है। इन वाहनों का संबंध सिटी कोतवाली, सिविल
लाइन, सरकंडा, जांजगीर-चांपा और दुर्ग में दर्ज चोरी के
मामलों से है। इस कार्रवाई की सबसे खास बात यह रही
कि पुलिस ने केवल चोरों को ही नहीं पकड़ा, बल्कि चोरी
का माल खरीदने वालों पर भी सख्त कार्रवाई की। इससे
साफ संदेश गया है कि चोरी के वाहनों की खरीद-
फरोख्त करने वालों को भी अब बख्शा नहीं जाएगा। पूरे
मामले के खुलासे में निरीक्षक तोप सिंह नवरंग, उप
निरीक्षक हेमंत आदित्य, कमलेश बंजारे समेत
एसीसीयू और पुलिस टीम के कई जवानों ने
महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उत्कृष्ट कार्य के लिए एसएसपी रजनेश सिंह द्वारा पूरी टीम की सराहना करते
हुए पुरस्कार की घोषणा भी की गई है।