सनातन है हम तो गौ माता की रक्षा करना हमारा दायित्व- आशुतोष तिवारी

सीपत,,,, सीपत क्षेत्र के ग्राम बिटकुला में साहू परिवार में चल रहे श्रीमद् भागवत ज्ञान यज्ञ कथा के अंतिम दिन भगवान श्री कृष्ण जी की अष्टदा प्रकृति 16108 पटरानियों के साथ शादी एवं सुदामा चरित्र कथा का वर्णन किया गया l वेदव्यास कथा वाचक पंडित आशुतोष तिवारी कथा का वर्णन करते हुए कहा कि रूखमणि जी भगवान श्रीकृष्ण जी से कहती है कि हे प्रभु आप तो अजन्मा,सर्वव्यापी , दयानिधि, करुणा के सागर हो l आपकी रूपो को इस नेत्र से देख पाना असंभव है l हमें अपने धर्म की रक्षा करना और इस कलियुग में गौ माता की रक्षा का भार हमारे कंधों पर है l संकट में भगवान भक्तों की रक्षा करने खुद चले आते हैं l

बिटकुला में चल रहे श्रीमद्भ भागवत ज्ञान यज्ञ में श्री कृष्ण जन्मोत्सव बाल लीला का परम पूज्य श्री गुरुदेव भगवान जी के पावन सानिध्य में अत्यंत भक्ति, उल्लास और आध्यात्मिक भाव के साथ प्रतिदिन मनाया गया। संपूर्ण वातावरण श्रीकृष्ण नाम, भक्ति, प्रेम और गुरु कृपा से सराबोर हो उठा। सुदामा जी की भगवान के प्रति भक्ति का यह दिव्य संगम उनके जीवन के लिए अविस्मरणीय बन गया l प्रतिदिन आकर्षक झांकियां के साथ भगवान की कथा का अमृतपान कर श्रोतागण भक्ति में लीन है l श्रीमद् भागवत ज्ञान यज्ञ कथा के मुख्य यजमान साधराम शांति साहू ,परदेसी लाल साहू,लक्ष्मी प्रसाद साहू हैं l