वन मंत्री बोले,बारिश में मेढ़क को टर्राने से कौन रोक सकता है…नवसली समर्थकों पर वनमंत्री केदार कश्यप का बड़ा हमला

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प्रदेश में टाइगर तथा हाथियों की संख्या में वृद्धि
बिलासपुर नक्सली मामले को लेकर नक्सलियों का समर्थन करने वालों पर कैबिनेट मंत्री ने हमला बोला। सहकारिता एवं वन मंत्री केदार कश्यप ने मीडिया से बात करते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा है कि बरसात का मौसम है इस मौसम में मेंढक को टर्राने से कौन रोक सकता है वह तो पता चल रहा है कि नक्सलियों के जो समर्थक थे चाहे वह राष्ट्रीय स्तर के नेता रहे हो या प्रदेश के, जो नक्सलियों को लेकर रोल मॉडल मानते थे। वे लोग ही
नक्सली घटना को लेकर चिल्लाते थे। कांग्रेस के कारण ही नक्सलियों को बढ़ावा मिला क्योंकि वे नक्सलियों के समर्थक रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज छत्तीसगढ़ में नक्सली
समाप्त हो चुके हैं लेकिन उनके विचारधारा को मानने वाले लोग आज भी है।
वन मंत्री ने कहा कि हमारा छत्तीसगढ़ वन सभ्यता से परिपूर्ण है और यहां वन्य जीवों की संख्या में बढ़ोतरी भी हो रही है हाथियों की संख्या भी बड़ी है और टाइगरों की संख्या में भी वृद्धि हो रही है यह अच्छा संकेत है 3 सालों में वन क्षेत्र में काफी सुधार हुआ है।वही
हाथी,भालू – मानव द्वंद को लेकर वन मंत्री केदार कश्यप ने बड़ी बात कही है उन्होंने कहा कि
पिछले वर्षों की तुलना में टेक्नोलॉजी के प्रयोग से हाथी मानव द्वंद में लगातार कई आई है। पहले कई जिले से प्रभावित हुआ करते थे,अब सीमित जिले की प्रभावित हैं। लेकिन हाथियों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है,पहले 200 थी और अब 400 से ज्यादा हाथियों की संख्या हो चुकी है। हाथियों के साथ हमारा जीवन कैसे चल सके,उस पर हम काम कर रहे हैं। टेक्नोलॉजी के माध्यम से हम यह प्रयास कर रहे हैं। रायगढ़ में हमने इसके लिए विशेष बैठक भी की है,एक प्रश्न के जवाब में उन्होंने कहा कि कांकेर जिले में भालू के हमले से ऐसी कोई घटना हुई है।कोई ऐसी घटना होती है तो कार्रवाई की जाती है। लेकिन यह अच्छा संकेत है कि आप पिछले वर्षों में लगातार वन्य जीवन की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है।