नल-जल योजनाके 24 सरकारी पाइप चोरी कर बेच दिए,मुख्य सरगना 2 महीने बाद रायपुर से गिरफ्तार

कबाड़ी और नाबालिग पर पहले ही कार्रवाई
बिलासपुर/मुंगेली/सरकारी नल-जल योजना के पाइप चोरी का
खेल, 6 लाख के 24 पाइप गायब करने वाला मुख्य सरगना आखिरकार पुलिस के हत्थे चढ़ा। लोरमी पुलिस ने रायपुर से अमित सिंह ठाकुर को दबोचा, चोरी के पाइप कबाड़ी के पास बेचने का आरोप; माल पहले ही बरामद। मामले में कबाड़ी संचालक और एक नाबालिग पर पहले हो चुकी कार्रवाई, लेकिन मुख्य आरोपी लगातार फरार था। दो महीने की तलाश के बाद गिरफ्तारी, पूछताछ के बाद आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
दरअसल मुंगेली जिले के लोरमी में शासकीय नल-जल योजना के लिए रखे 24 डीआई लोहे के पाइप चोरी करने के मामले में फरार चल रहे मुख्य सरगना को लोरमी पुलिस ने रायपुर से गिरफ्तार कर लिया है। चोरी किए गए पाइपों की अनुमानित कीमत करीब 6 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने चोरी की वारदात को अंजाम देने के बाद पाइपों को कबाड़ी के जरिए बेच दिया था। मामले में कबाड़ी संचालक की गिरफ्तारी और एक विधि से संघर्षरत बालक के खिलाफ कार्रवाई पहले ही की जा चुकी थी।
मामला मुंगेली जिले के थाना लोरमी क्षेत्र के ग्राम गोड़खाम्ही का है। ग्राम गोड़खाम्ही नहर रोड गाड़ाटोला मोड़ के पास निर्माण स्थल पर शासकीय नल-जल योजना के तहत 30 नग डीआई पाइप रखे हुए थे।
प्रार्थी बालगा भास्कर राव, निवासी खरजाड़ा थाना जिला सीसीए श्रीकाकुलम, आंध्रप्रदेश, हाल मुकाम आशु दंत चिकित्सालय के पास करही, मुंगेली ने 26 जून 2026 को थाना लोरमी पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई थी।शिकायत के मुताबिक 10 जून 2026 को 30 पाइपों में से 24 डीआई पाइप, जिनका साइज 250 एमएम था, अज्ञात व्यक्ति चोरी कर ले गया। चोरी गए पाइपों की अनुमानित कीमत करीब 6 लाख रुपये थी।शिकायत के आधार पर लोरमी
थाना में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
मुखबिर ने खोला चोरी के माल का रास्ता
पुलिस चोरी गए पाइप और आरोपियों की तलाश में जुटी थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि चोरी किए गए पाइप अनूपपुर-शहडोल मार्ग स्थित कुदौली के एक कबाड़ी दुकान
में बेचे गए हैं।
सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस टीम ने कबाड़ी दुकान पर दबिश दी। वहां दुकान संचालक अनुज कुमार नामदेव, पिता कृष्ण कुमार नामदेव, उम्र 20 वर्ष, निवासी पोड़ी, थाना एवं जिला अनूपपुर, मध्यप्रदेश मिला। पुलिस के अनुसार पूछताछ में अनुज ने बताया कि चोरी किए गए पाइप 13 जून 2026 को ट्रक क्रमांक सीजी 04 एमजी 3817 में लाए गए थे। उसने मुख्य सरगना अमित सिंह और ट्रक चालक से पाइप खरीदना तथा उन्हें कटिंग कर कबाड़ी दुकान में रखना बताया।
इसके बाद पुलिस ने कबाड़ी दुकान से चोरी किए गए पाइप बरामद कर लिए। आरोपी अनुज कुमार नामदेव को 28 जून 2026 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया
चोरी में नाबालिग की भी भूमिका, बाइक जब्त
जांच के दौरान एक विधि से संघर्षरत बालक की भूमिका भी सामने आई। पुलिस के मुताबिक बालक ने चोरी किए गए लोहे के पाइप ट्रक में भरकर बिक्री के लिए भेजने में सहयोग किया था।
घटना में इस्तेमाल मोटरसाइकिल को भी जब्त किया गया। विधि से संघर्षरत बालक को 30 जून 2026 को न्यायालय के आदेश पर बाल संप्रेषण गृह भेजा गया। वहीं चोरी के मामले का मुख्य सरगना अमित सिंह फरार हो गया था।
लगातार तलाश, तकनीकी मदद से रायपुर में मिला सुराग
मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के लिए लोरमी पुलिस लगातार उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थी। पुलिस ने मुखबिर तंत्र के साथ तकनीकी सहायता से आरोपी की तलाश जारी रखी। आखिरकार 16 अगस्त 2026 को आरोपी के रायपुर में होने की सूचना मिली। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर उसे रायपुर से हिरासत में लिया।
आरोपी की पहचान अमित सिंह ठाकुर, पिता ज्ञानेन्द्र सिंह, उम्र 29 वर्ष, निवासी छोटे अतरगुड़ा, थाना चक्रधरनगर, रायगढ़, हाल मुकाम संतोषीनगर, रायपुर के रूप में हुई।
पुलिस के अनुसार पूछताछ के दौरान आरोपी ने घटना दिनांक को शासकीय पाइप चोरी करने की बात स्वीकार की। उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर उसे विधिवत गिरफ्तार किया गया और न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।