17 सूत्रीय मांगों को लेकर सिम्स के जेडीए ने निकाला कैंडल मार्च

बिलासपुर। जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन सिम्स बिलासपुर द्वारा चिकित्सकों की 17 सूत्रीय मांगों को लेकर सिम्स ऑडिटोरियम से कैंडल मार्च निकाला गया। कार्यक्रम में सिम्स बिलासपुर के पीजी रेजिडेंट डॉक्टरों एवं इंटर्न डॉक्टरों ने बड़ी संख्या में शामिल होकर अपनी मांगों के समर्थन में शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से आवाज उठाई।कैंडल मार्च के माध्यम से चिकित्सकों ने विशेष रूप से पीजी स्टाइपेंड में वृद्धि, बॉन्ड पॉलिसी की अवधि कम करने सहित जेडीए की अन्य लंबित एवं जायज़ मांगों के शीघ्र निराकरण की मांग सरकार के समक्ष रखी।जेडीए पदाधिकारियों ने कहा कि यह कैंडल मार्च केवल एक विरोध प्रदर्शन नहीं, बल्कि चिकित्सकों के अधिकार, सम्मान और बेहतर कार्य-परिस्थितियों के लिए एकजुटता का प्रतीक है।
सिम्स के जेडीए के पदाधिकारियों ने कहा कि चिकित्सक कठिन परिस्थितियों में भी लगातार मरीजों की सेवा कर रहे हैं। संगठन हमेशा से यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि आंदोलन के दौरान आम जनता एवं मरीजों को किसी प्रकार की अनावश्यक असुविधा न हो।जेडीए ने सरकार से अपील की कि चिकित्सकों की 17 सूत्रीय मांगों पर सकारात्मक एवं शीघ्र निर्णय लेते हुए आवश्यक आदेश जारी किए जाएं।
चिकित्सकों ने एकजुट होकर संकल्प व्यक्त किया कि जब तक उनकी जायज़ मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होती, तब तक शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से उनका संघर्ष जारी रहेगा।
जेडीए ने कैंडल मार्च में शामिल सभी पीजी रेजिडेंट्स एवं इंटर्न डॉक्टरों का आभार व्यक्त किया और कहा कि चिकित्सकों की एकजुटता ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है।