वीआईपी गेट पर हाथ पकड़कर खींचे गए भाजपा नेता गुलशन ऋषि
लड़खड़ाए भाजपा नेता, महिला नेत्रियां भी चोटिल
कटघरे में तहसीलदार-आरआई की व्यवस्था
झंडारोहण समारोह में वीआईपी गेट पर धक्का-मुक्की
बिलासपुर।स्वतंत्रता दिवस के मुख्य समारोह में वीआईपी प्रवेश द्वार पर उस समय विवाद की स्थिति बन गई, जब भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं कोषाध्यक्ष गुलशन ऋषि को प्रवेश के दौरान कथित तौर पर रोक दिया गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, इसी दौरान गेट पर तैनात आरआई या तहसीलदार ने उनका हाथ पकड़कर पीछे की तरफ खींच दिया, जिससे गुलशन ऋषि लड़खड़ा गए। घटनाक्रम के दौरान वे लगातार आक्रोश जताते और चीखते नजर आए।
बताया जा रहा है कि जिस समय यह घटनाक्रम हुआ, वीआईपी प्रवेश द्वार पर तहसीलदार और राजस्व निरीक्षक मौजूद थे। प्रवेश व्यवस्था को लेकर बनी स्थिति देखते ही मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। धक्का-मुक्की के दौरान एक महिला पुलिसकर्मी भी चोटिल होने की बात सामने आई है, जबकि दो भाजपा महिला नेत्रियों को भी चोटें आने की जानकारी है।
घटना के बाद भाजपा नेताओं में आक्रोश फैल गया। जिला भाजपा अध्यक्ष दीपक सिंह ठाकुर ने राजस्व अधिकारियों की व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए मौके पर ही नाराजगी जताई। उनका सवाल था कि जब गुलशन ऋषि केंद्रीय मंत्री के साथ छत्तीसगढ़ भवन से पुलिस लाइन स्थित मुख्य समारोह स्थल तक पहुंचे थे, तो वीआईपी प्रवेश द्वार पर उन्हें इस तरह क्यों रोका गया कि धक्का-मुक्की की स्थिति पैदा हो गई।
तहसीलदार और आरआई की मौजूदगी मे हुई लापरवाही
सबसे बड़ा सवाल अब वीआईपी प्रवेश व्यवस्था को लेकर खड़ा हो गया है। मौके पर तहसीलदार और आरआई की मौजूदगी के बावजूद यदि किसी वरिष्ठ भाजपा नेता का हाथ पकड़कर खींचने की स्थिति बनी और इससे वे लड़खड़ा गए, साथ ही दो महिला नेत्रियों को चोट लगने की बात सामने आई, तो प्रशासन को इस पूरे घटनाक्रम की जिम्मेदारी तय करनी होगी।
पूर्व मंत्री के पास हुई शिकायत
मामले को लेकर गुलशन ऋषि ने भाजपा संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों और विधायक अमर अग्रवाल को शिकायत की है। प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत किए जाने की जानकारी सामने आई है। अब यह विवाद स्वतंत्रता दिवस समारोह की सामान्य अव्यवस्था से आगे बढ़कर राजस्व प्रशासन की प्रवेश व्यवस्था और अधिकारियों की भूमिका पर सवाल खड़ा कर रहा है।