तबाही के तीन दिन बाद भी नदारद प्रशासन,
पीड़ितों की सुध लेने वाला कोई नही…..
प्रशासनिक उदासीनता की भेंट चढ़ा वार्ड 58
आपदा प्रबंधन और नगर निगम की चुप्पी पर सवाल……
बिलासपुर। सरकंडा स्थित वार्ड क्रमांक 58 में 33 घंटे की भीषण बारिश ने जिस तरह से तबाही मचाई है, उसने हजारों परिवारों का जीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। डीएस कॉलेज के पास वाले मोहल्ले में कमर तक पानी भरने से दर्जनों 3घर क्षतिग्रस्त हो गए और लोगों का राशन, कपड़े, बर्तन और बच्चों की महत्वपूर्ण शैक्षणिक दस्तावेज पानी में बह गए। विडंबना यह है कि इस गंभीर आपदा के तीन दिन बीत जाने के बाद भी नगर निगम और आपदा प्रबंधन की टीम घटनास्थल तक नहीं पहुंची है, और न ही प्रशासन की ओर से किसी प्रकार का सर्वे किया गया है। मदद के नाम पर केवल कोरे आश्वासन मिलने और क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों के पूर्णतः नदारद रहने से स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। भुखमरी और बेहाली के कगार पर खड़े इन पीड़ित परिवारों को भगवान भरोसे छोड़कर जिम्मेदारी से मुंह मोड़ना, स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की संवेदनहीनता को उजागर करता है…..