रपटा पुल में 3 दिनों से आतंक मचा रहा सांड आखिरकार पकड़ लिया गया

बिलासपुर।रेबीज़ से संक्रमित नंदी पिछले तीन दिनों में 6 लोगों को पटक कर घायल कर चुका था। स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल था। बताया जा रहा है कि नंदी घटना के बाद अरपा नदी में उतर गया था और पिछले 2 दिनों से रपटा पुल के नीचे ही छुपा हुआ था। बुधवार सुबह करीब 11 बजे नंदी दोबारा रपटा क्षेत्र में बाहर निकला और लोगों को मारने के लिए दौड़ाने लगा। घबराए लोगों ने तुरंत इस बारे में सूचना बिलासपुर गौ सेवा धाम के गौसेवक विपुल शर्मा को दी। विपुल शर्मा ने तत्काल गौसेवकों की टीम के साथ ही नगर निगम अधिकारियों प्रमिल शर्मा,को जानकारी दी। सूचना मिलते ही गौसेवकों और नगर निगम की टीम मौके पर पहुंची। बिलासपुर गौसेवक सहित नगर निगम के कर्मचारियों ने मिलकर बड़ी मशक्कत के बाद नंदी को घेराबंदी कर काबू में किया। टीम ने काफी जोखिम उठाते हुए सूझबूझ से कार्रवाई की और किसी बड़ी अनहोनी को टाल दिया। पकड़े जाने के बाद नंदी को सुरक्षित नगर निगम के गौठान शिफ्ट कर दिया गया। पशु चिकित्सकों के अनुसार रेबीज़ फैलने के बाद इसका कोई स्थायी इलाज नहीं होता। डॉक्टरों ने बताया कि रेबीज़ के लक्षण दिखाई देने के बाद आमतौर पर 72 घंटों के भीतर जीव-जंतु की मौत हो जाती है। ऐसे में अगर किसी व्यक्ति को काटने या पटकने से रेबीज़ का संक्रमण होने की आशंका हो, तो उसे तुरंत नजदीकी अस्पताल जाकर एंटी रैबीज़ इंजेक्शन लगवाना चाहिए और डॉक्टरी सलाह लेनी चाहिए। संस्था ने आम लोगों से भी अपील की है कि किसी भी बीमार या संदिग्ध पशु को देखते ही तुरंत सूचना दें और ऐसे जानवरों के पास जाने से बचें, ताकि किसी भी तरह की जनहानि से बचा जा सके।