हाई जंप नारियल का, अब 40 से 45 रुपए

भेला और खोपरा भी गर्म
बिलासपुर- श्रीफल 35 से 40 रुपए नहीं, 40 से 45 रुपए। स्वीकार है यह भाव। बढ़ सकती है कीमत क्योंकि गणेश पर्व, जन्माष्टमी और नवरात्रि के लिए खुदरा और थोक बाजार ने अग्रिम खरीदी चालू कर दी है।
दरअसल कमजोर फसल और निर्यात के बाद अब नारियल में शॉर्टेज की स्थिति बनती नजर आ रही है। असर सीधे प्रति नग कीमत पर पड़ना चालू हो गया है। यह तब, जब त्यौहार की मांग निकलने लगी है। नारियल सूखा में सबसे ज्यादा तेजी आई हुई है। पखवाड़े भर पूर्व 35 से 40 रुपए नग पर चल रहा सूखा नारियल, अब 40 से 45 रुपए जैसी ऊंचाई पर पहुंचा हुआ है। इसी तरह 25 से 30 रुपए प्रति नग पर मिल रहे कच्चा नारियल के लिए अब 35 से 40 रुपए देने पड़ रहे हैं। असर उस नारियल भेला पर भी देखा जा रहा है जिसने 500 से 600 रुपए किलो जैसी हैरान कर देने वाली कीमत अपने नाम कर ली है। इसके पूर्व तक यह 480 से 500 रुपए किलो पर मिल जा रहा था।

असर इन दोनों पर भी
नारियल भेला और खोपरा की बड़ी मांग क्षेत्र हैं मिठाई और पान की दुकानें। नारियल बर्फी और पान मसाले में प्रमुखता के साथ उपयोग करने वाले इन दोनों उपभोक्ता क्षेत्रों को भी अब तेजी के बीच खरीदी करनी पड़ रही है। नारियल बर्फी की कीमत तो बढ़ चुकी है। अब बारी है पान की दुकानों की। इसने खोपरा की खरीदी में मात्रा कम करने जैसे विकल्प अपना लिए हैं।

निकली सीजन की मांग
रक्षाबंधन, जन्माष्टमी, गणेशोत्सव, नवरात्रि और बाद के दिनों में दीपावली जैसे प्रमुख त्यौहार आने वाले हैं। नारियल के लिए यह सभी त्यौहार सीजन के लिए माने जाते हैं लेकिन पहली बार होलसेल और रिटेल काउंटर भी परेशान हो चले हैं आ रही तेजी को देखकर क्योंकि मांग के अनुरूप उत्पादक क्षेत्रों से नारियल की आपूर्ति नहीं हो पा रही है।